*11000 पार्थिव शिवलिंगों के महाभिषेक यज्ञ के साथ हुआ श्री शिव महापुराण कथा का विश्राम*
*रुद्रों एवं द्वादश ज्योतिर्लिंगों की महिमा सुन भाव-विभोर हुए श्रद्धालु, कथा व्यास पं. विकासानंद जी ने सुनाया भगवान पशुपतिनाथ का दिव्य चरित्र*
आगरा। शमसाबाद रोड स्थित गाय वाले मंदिर,महादेव नगर में चल रही श्री शिव महापुराण कथा के विश्राम दिवस पर कथा व्यास पं. श्री विकासानंद जी महाराज, वृंदावन धाम के मुखारबिंद से भगवान शिव की महिमा का भावपूर्ण वर्णन किया गया, कथा में तारकासुर वध,भगवान शंकर के शंखचूड़ उद्धार सहित भगवान शिव के विभिन्न अवतारों, रुद्रों एवं द्वादश ज्योतिर्लिंगों की महिमा का श्रद्धालुओं ने रसपान किया।
कथा व्यास ने भगवान पशुपतिनाथ के दिव्य चरित्र का वर्णन करते हुए शिव भक्ति एवं आराधना के महत्व पर प्रकाश डाला, कथा के समापन अवसर पर 11000 पार्थिव शिवलिंगों का महाभिषेक यज्ञ विधि-विधान एवं मंत्रोच्चार के साथ संपन्न हुआ,इस दौरान पूरा कथा पंडाल हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा और श्रद्धालु भक्ति भाव में लीन नजर आए।
समाजसेवी श्याम भोजवानी ने कहा कि श्री शिव महापुराण कथा मनुष्य को श्रद्धा,संस्कार, सेवा और सद्मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है, कथा का विश्राम श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक अनुभूति से भरा रहा। इस अवसर पर चांदनी भोजवानी,शिवानी रघुवंशी,गुंजन झा,प्रिया कुशवाह, क्षमा, खुशबू,सौम्या शर्मा ,ममता, प्रिया भदौरिया ,सुनीतादेवी ,राजोदेवी, पूनम देवी, रवीना,नीतू चौहान,आदि।













