*कौशाम्बी में मुहर्रम पर इमाम हुसैन की याद में निकला ताज़िया जुलूस या हुसैन की सदाओं से गूंजी फिज़ा*
*कौशाम्बी जनपद* के चायल तहसील अंतर्गत बालिहावां देह गांव में मुहर्रम के अवसर पर हजरत इमाम हुसैन (अ.स.) की याद में अकीदत और श्रद्धा के साथ ताज़िए एवं आलम जियारत के लिए रखे गए इमामबाड़े में सुबह से देर शाम तक अकीदतमंदों का तांता लगा रहा जहां महिलाओं बच्चों बुजुर्गों और युवाओं ने ताज़ियों के सामने हाथ उठाकर मुल्क की सलामती अमन-चैन और खुशहाली के लिए दुआएं मांगी शाम लगभग 5 बजे से फातिहा तिलावत-ए-कुरआन और ज़िक्र-ए-कर्बला का सिलसिला शुरू हुआ जो देर शाम तक चलता रहा। इस दौरान लंगर-ए-हुसैनी का वितरण भी किया गया जिसे प्राप्त करने के लिए बड़ी संख्या में अक़ीदतमंद मौजूद रहे शाम करीब 5 बजे इमामबाड़े से पारंपरिक ताज़िया जुलूस निकाला गया। जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने शिरकत की और कर्बला के शहीदों को खिराज-ए-अकीदत पेश किया। अजादारों ने मातम कर हजरत इमाम हुसैन और उनके 72 साथियों की कुर्बानियों को याद किया जुलूस की शुरुआत मोहम्मद साबिर की नोहाख्वानी से हुई उनके दर्दभरे नौहों के बीच या हुसैन या हुसैन की सदाओं से पूरा वातावरण गूंज उठा जुलूस गांव के विभिन्न मार्गों से होकर पुनः इमामबाड़े पहुंचकर संपन्न हुआ मुहर्रम की इस मजलिस और ताज़िया जुलूस के दौरान देश में अमन,भाईचारे खुशहाली और तरक्की के लिए विशेष दुआएं की गईं पूरे कार्यक्रम में अनुशासन सौहार्द और धार्मिक आस्था का सुंदर वातावरण देखने को मिला









