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जिलाधिकारी की अध्यक्षता में नाव सुरक्षा एवं नाविक कल्याण नीति के संबंध में समिति की बैठक सम्पन्न, रिपोर्ट राम असरे

जिलाधिकारी की अध्यक्षता में नाव सुरक्षा एवं नाविक कल्याण नीति के संबंध में समिति की बैठक सम्पन्न।

 

नाव में लाइफ जैकेट, अग्निशमन यंत्र, रस्सी, पतवार, बैटरी संचालित प्रकाश व्यवस्था, सीटी और प्राथमिक उपचार सामग्री जैसी सुरक्षा किट अनिवार्य रूप से रहे उपलब्ध।

 

समिति के गठन से नाव संचालन अधिक सुरक्षित होगा तथा नाविक समुदाय के जीवन स्तर में सुधार आएगा-जिलाधिकारी।

 

प्रयागराज। जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में सोमवार को संगम सभागार में नाव सुरक्षा एवं नाविक कल्याण नीति के संबंध में समिति की बैठक आयोजित हुई। प्रयागराज में नाव संचालन को सुरक्षित बनाने और नाविकों के सामाजिक-आर्थिक उत्थान के लिए प्रदेश सरकार की नाव सुरक्षा एवं नाविक कल्याण नीति के तहत जनपद में जिला जल परिवहन प्रबंधन, सुरक्षा एवं सलाहकार समिति का गठन किया जाना है। समिति के अध्यक्ष जिलाधिकारी होंगे।

समिति का मुख्य उद्देश्य जनपद में संचालित नौकाओं की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना, नाव दुर्घटनाओं की रोकथाम, आपदा प्रबंधन तथा नाविकों और गोताखोरों के कल्याण से जुड़ी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना है। समिति में पुलिस, स्वास्थ्य, परिवहन, सिंचाई, जिला पंचायत, नगर विकास, पर्यटन, अग्निशमन, राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ नाविक एवं मछुआरा समुदाय के एक प्रतिनिधि को भी समिति में शामिल किया गया है। जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने कहा कि नाविकों और उनके परिवारों को विभिन्न सरकारी योजनाओं से जोड़कर आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जाएगा और शासन द्वारा नाविकों के लिए निर्धारित जो भी सहायता मानक होंगे, उससे उन्हें लाभान्वित किया जाएगा।

जिलाधिकारी ने कहा कि नौका सुरक्षा को लेकर सभी नौकाओं का एनरोलमेंट होना अनिवार्य है और हर नाव में नाविक को अपनी पहचान लिखनी होगी। उन्होंने कहा कि हर नाव में लाइफ जैकेट, अग्निशमन यंत्र, रस्सी, पतवार, बैटरी से संचालित प्रकाश व्यवस्था, सीटी और प्राथमिक उपचार सामग्री जैसी सुरक्षा किट अनिवार्य रूप से उपलब्ध रहे और साथ ही नाविकों को यात्रियों को जल सुरक्षा संबंधी आवश्यक जानकारी देने और जागरूक करने के लिए भी कहा है। नाविक समिति के अध्यक्ष के द्वारा घाटों के नजदीक टॉयलेट व चेंजिंग रूम बनवाए जाने के लिए जिलाधिकारी से आग्रह किया, जिस पर जिलाधिकारी ने घाट पर पर टॉयलेट व चेंजिंग रूम बनवाए जाने के निर्देश दिए है। जिलाधिकारी ने कहा कि समिति के गठन हो जाने से नाव संचालन अधिक सुरक्षित होगा और नाविक समुदाय के जीवन स्तर में सुधार आएगा।

राम आसरे

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