*निरंकारी भक्तों ने वननेस वन अभियान के तहत किया वृक्षारोपण*
*प्रदूषण अंदर हो या बाहर दोनों हानिकारक*
एटा :- सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज एवं राज पिता रमित जी के पावन आशीर्वाद से संत निरंकारी मिशन की सामाजिक शाखा संत निरंकारी चैरिटेबल फाउंडेशन द्वारा वनेस वन परियोजना के छठे चरण का आयोजन सम्पूर्ण भारत में किया गया। वही निरंकारी मिशन की ब्रांच एटा ने शिकोहाबाद रोड स्थित निरंकारी सत्संग स्थल पर सत्संग इंचार्ज सेवाराम एवं यूनिट नंबर 526 के सेवा दल इंचार्ज प्रेमचंद की नेतृत्व में सैकड़ो सेवादार एवं निरंकारी श्रद्धालुओं ने पर्यावरण संतुलन और प्रदूषण को मिटाने हेतु निरंकारी मिशन की वनेस वन परियोजना के तहत वृक्षारोपण किया।
निरंकारी बाबा हरदेव सिंह जी महाराज द्वारा कहे गए स्वर्णिम शब्द *प्रदूषण अंदर हो या बाहर दोनों ही हानिकारक हैं* इस अमूल्य कथन को निरंकारी मिशन कई वर्षों से विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक गतिविधियों में भागीदार लेने हेतु एक प्रेरक शक्ति के रूप में प्रयोग कर रहा है l
संत निरंकारी मिशन ने पर्यावरण संरक्षण के पर वननेस वन नामक एक मेगा परियोजना का आरंभ 2021में किया। अब यह परियोजना ने देशव्यापी आंदोलन का रूप ले लिया है सन 2026 में देशभर के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र में 630 स्थान पर निरंकारी मिशन के लाखों श्रद्धालु एवं सेवादार 10 लाख पौधों का रोपण किये।
आज जब पृथ्वी ग्लोबल वार्मिंग की समस्या से जूझ रही है तो ऐसी समय में वृक्षारोपण का महत्व और अधिक बढ़ गया है 2020 से कोरोना संकट ने हम सभी को प्रकृति की अमूल्य देन प्राण वायु अर्थात ऑक्सीजन का महत्व समझाया। साथ ही इसकी कमी से उत्पन्न होने वाले सभी दुष्प्रभावों से भी हमें भली भांति अवगत करवाया। ज्ञात रहे मनुष्य का जीवन प्राण वायु पर आधारित है वह हमें इन वृक्षो से ही प्राप्त होती है। अतः इनका संरक्षण करना न केवल हमारा कर्तव्य है हमारी जिम्मेदारी भी है।अब तो हमारे जीवन के लिए भी महत्वपूर्ण है। निरंकारी मिशन समय समय पर कल्याणकारी योजनाओं एवं पर्यावरण संरक्षण और धरती को सुंदर बनाने हेतु एक प्रशंसनीय एवं सराहनीय कदम है जिस पर चलकर हम धरती को और अधिक स्वच्छ और सुंदर एवं निर्मल बनाया जा सकता है।













