भारतीय मजदूर संघ ने मांग की है कि राजघाट बांध परियोजना में संवेदनशील पदों पर कार्य व्यवस्था की समीक्षा की जाए, ‘हैंड रसीद’ के माध्यम से कार्य कराने की व्यवस्था के नियमों एवं औचित्य की जांच की जाए तथा पात्र कर्मचारियों के लंबित पदोन्नति प्रकरणों का नियमानुसार शीघ्र निस्तारण किया जाए।
संघ ने स्पष्ट किया कि कर्मचारियों को उनके सेवाकाल में नियमानुसार पदोन्नति का लाभ दिलाना और परियोजना में पारदर्शी, व्यवस्थित एवं जवाबदेह कार्यप्रणाली सुनिश्चित करना श्रमिक हितों के साथ-साथ विभागीय व्यवस्था के लिए भी आवश्यक है।
चन्द्र कांत चतुर्वेदी
विभाग प्रमुख
भारतीय मजदूर संघ, झांसी विभाग राजघाट बांध परियोजना में बर्षों से सेवा निवृत्त कर्मचारियों को संवेदनशील पदों पर कार्य हेतु “हैंड रसीद”पर लगाया गया है यह तथ्य भारतीय मज़दूर संघ के संज्ञान में है, भारतीय मजदूर संघ द्वारा इस पर आपत्ति दर्ज कराई गई है, राजघाट बांध परियोजना में कार्यरत कर्मचारियों के पदोन्नति के लिए भारतीय मजदूर संघ मांग पत्र भेज चुका है कर्मचारी जिस एक ही पद पर नियुक्त हुए थे, वे उस ही पद से सेवानिवृत्त हो गए हैं केवल वित्तीय लाभ एम ए सी पी योजना के कारण मिला, लगभग 110 कर्मचारियों का पदोन्नति का प्रकरण भारतीय मजदूर संघ द्वारा अधिकारियों के समक्ष भेजा गया है, यदि इन कर्मचारियों को समय पर पदोन्नति दे दी गई होती तो कार्यालयों में स्थाई कर्मचारी कार्य कर रहे होते। चन्द्र कांत चतुर्वेदी,विभाग प्रमुख, भारतीय मजदूर संघ, झांसी विभाग
















