अतिवृष्टि से उत्पन्न परिस्थितियों पर जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली एवं जिला प्रशासन की पैनी नजर
राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी
तहसीलवार क्षति का लगातार कराया जा रहा आकलन
प्रभावित परिवारों को नियमानुसार तत्काल उपलब्ध कराई जा रही राहत राशि
जलभराव वाले क्षेत्रों में पंपसेट से पानी की निकासी, गौशालाओं एवं फसलों की भी लगातार निगरानी
जिनावली बंबा के कटान को तत्काल रोका गया
एटा-टूंडला मार्ग पर गिरे पेड़ को रात्रि में ही हटाकर आवागमन कराया गया सुचारु
एटा, 27 सितंबर 2026। जनपद में 25 सितंबर से हो रही अतिवृष्टि को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली एवं जिला प्रशासन की टीम द्वारा जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में उत्पन्न परिस्थितियों पर निरंतर निगरानी रखी जा रही है। जिलाधिकारी द्वारा अपर जिलाधिकारी, समस्त उपजिलाधिकारियों, तहसील स्तरीय अधिकारियों, विद्युत विभाग, नगरीय निकायों के अधिशासी अधिकारियों एवं खंड विकास अधिकारियों से लगातार संपर्क स्थापित कर वर्षा, जलभराव, मकान क्षति, फसल क्षति, जनहानि, पशुहानि तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की जा रही है। किसी भी क्षेत्र से क्षति की सूचना प्राप्त होते ही संबंधित अधिकारियों एवं राजस्व टीमों को तत्काल मौके पर भेजकर आवश्यक राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित कराया जा रहा है।
तेज हवाओं के कारण विद्युत आपूर्ति प्रभावित होने पर क्षतिग्रस्त तार, ट्रांसफार्मर एवं विद्युत खंभों को विद्युत विभाग द्वारा तत्काल ठीक कराया जा रहा है। जिलाधिकारी के निर्देश पर एसडीएम, तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक एवं लेखपालों द्वारा क्षेत्र में लगातार भ्रमण कर अतिवृष्टि से हुई क्षति का मौके पर सर्वे एवं आकलन कराया जा रहा है।
तहसीलवार क्षति की स्थिति
27 सितंबर 2026 को सायं 5 बजे तक तहसीलों से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार—
अलीगंज तहसील में 1 जनहानि एवं 1 पशुहानि की सूचना प्राप्त हुई है। इसके अतिरिक्त 2 पूर्ण क्षतिग्रस्त मकान, 7 कच्चे आंशिक क्षतिग्रस्त मकान, 14 पक्के आंशिक क्षतिग्रस्त मकान तथा 1 झोपड़ी की क्षति रिपोर्ट की गई है।
एटा तहसील में 2 छोटे पशुओं की पशुहानि तथा 5 पक्के आंशिक एवं 2 कच्चे आंशिक मकानों के क्षतिग्रस्त होने की सूचना प्राप्त हुई है।
जलेसर तहसील में 1 कच्चे आंशिक मकान के क्षतिग्रस्त होने की सूचना प्राप्त हुई है।
संबंधित राजस्व टीमों द्वारा प्राप्त क्षति का मौके पर सत्यापन एवं आकलन किया जा रहा है। प्रभावित परिवारों की पात्रता एवं वास्तविक क्षति के सत्यापन के उपरांत नियमानुसार अनुमन्य राहत राशि उपलब्ध कराने की कार्यवाही पूर्ण की जाएगी। अलीगंज क्षेत्र में दीवार गिरने से हुई जनहानि के प्रकरण में आवश्यक रिपोर्ट शासन को प्रेषित कर दी गई है तथा मृतक के परिजनों को नियमानुसार अनुमन्य राहत राशि उपलब्ध कराने की कार्यवाही की जा रही है।
जलभराव वाले क्षेत्रों में युद्धस्तर पर पानी की निकासी
अत्यधिक जलभराव वाले क्षेत्रों में नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों के अधिकारियों द्वारा तत्काल जल निकासी की कार्रवाई कराई जा रही है। एटा नगर पालिका के सुनहरी नगर क्षेत्र में पंपसेट के माध्यम से पार्क में जमा पानी की निकासी कराई जा रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में भी जिला पंचायत एवं खंड विकास अधिकारियों द्वारा स्थिति पर लगातार नजर रखते हुए आवश्यकता के अनुसार पानी की निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।
जिनावली बंबा के कटान को तत्काल रोका गया
तहसील जलेसर क्षेत्र में जिनावली बंबा में कटान की सूचना प्राप्त होते ही संबंधित अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे तथा युद्धस्तर पर कार्रवाई करते हुए कटान को रोककर खेतों में पानी के फैलाव को नियंत्रित किया गया। सिंचाई विभाग के सहयोग से बंबा की लगभग 100 मीटर तक सफाई का कार्य भी कराया गया, जिससे जलप्रवाह को नियंत्रित करने में सहायता मिली।
इसी प्रकार रात्रि में एटा-टूंडला मार्ग पर ग्राम जिनावली के निकट पेड़ गिरने से बाधित आवागमन की सूचना प्राप्त होने पर संबंधित टीम तत्काल मौके पर पहुंची और पेड़ को हटवाकर रात्रि में ही आवागमन सुचारु कराया गया।
गौशालाओं में निराश्रित गोवंश की सुरक्षा पर विशेष निगरानी
जिलाधिकारी के निर्देश पर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी एवं उनकी टीम द्वारा जनपद की गौशालाओं का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। अतिवृष्टि के दौरान निराश्रित गोवंश की सुरक्षा, पर्याप्त चारा, पेयजल एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की सतत निगरानी की जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो।
अतिवृष्टि के कारण पशुहानि के प्राप्त मामलों में भी संबंधित अधिकारियों द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
अतिवृष्टि से किसानों की फसलों को हुई संभावित क्षति का आकलन करने के लिए राजस्व विभाग की टीमें क्षेत्र में सक्रिय हैं। लेखपाल एवं संबंधित राजस्व कर्मचारी मौके पर जाकर फसल क्षति का सर्वे कर रहे हैं तथा निर्धारित समयावधि में अपनी रिपोर्ट उपलब्ध कराएंगे। 33 प्रतिशत या उससे अधिक फसल क्षति पाए जाने पर पात्र किसानों को नियमानुसार राहत राशि उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी एम.अरुन्मोली द्वारा सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमण करते रहें और किसी भी प्रकार की जनहानि, पशुहानि, मकान क्षति, जलभराव अथवा अन्य नुकसान की सूचना प्राप्त होते ही तत्काल मौके पर पहुंचकर आवश्यक राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करें।
जिलाधिकारी द्वारा अधिकारियों से निरंतर संपर्क स्थापित कर क्षति की अद्यतन रिपोर्ट प्राप्त की जा रही है तथा प्रत्येक प्रभावित क्षेत्र में तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराई जा रही है। प्रशासन की प्राथमिकता अतिवृष्टि से प्रभावित लोगों की सुरक्षा, समयबद्ध क्षति आकलन तथा पात्र प्रभावितों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराना है।
जिला सूचना कार्यालय, एटा 👆















