राम मंदिर चढ़ावा चोरी: बैंककर्मी FIR से बाहर क्यों? ट्रस्ट ने बैंक वालों को भी बचाया।
अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। SIT की संस्तुतियों के आधार पर अभी तक आठ कर्मियों को नामजद किया गया है, लेकिन जिन बैंककर्मियों के हवाले चढ़ावे की गणना और निगरानी की जिम्मेदारी थी, उन पर अब तक FIR क्यों नहीं हुई?
जांच में SIT को 40 दिनों में 70 बार चोरी के साक्ष्य मिले हैं। आरोपितों में ट्रस्ट कर्मी और मंदिर से जुड़े सेवादार शामिल हैं, लेकिन बैंककर्मी और नौकरी दिलाने वाले नेता अभी जांच के दायरे में बताए जा रहे हैं।
बड़ा सवाल यही है जब गिनती की निगरानी बैंककर्मियों के जिम्मे थी, तो चोरी के मामले में सिर्फ निचले कर्मी ही नामजद क्यों? बैंक वालों और सिफारिश से नौकरी दिलाने वालों पर शिकंजा कब कसेगा?









