वरिष्ठ पत्रकार सुरेश कुमार राजभर के ग्राउंड रिपोर्टिंग।
*खबर वाराणसी के पिंडरा ब्लॉक से है, जहाँ मरुई ग्राम पंचायत में विकास के नाम पर 20 लाख रुपये के बड़े भ्रष्टाचार का आरोप सामने आया है।*
आरोप है कि ग्राम पंचायत में हैंडपंप रिबोर, हैंडपंप मरम्मत और खड़ंजा रिपेयरिंग के नाम पर सरकारी खजाने को जमकर लूटा गया है।
*जानकारी के मुताबिक*, मरुई ग्राम पंचायत के ग्रामीण प्रभु प्रसाद वर्मा ने RTI यानी सूचना के अधिकार के तहत पिछले 5 साल के विकास कार्यों का पूरा ब्यौरा निकलवाया है।
RTI रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार, पंचायत में हैंडपंप रिबोर के नाम पर, हैंडपंप मरम्मत के नाम पर और गांव की टूटी खड़ंजा की रिपेयरिंग के नाम पर करीब 20 लाख रुपये का भुगतान कागजों में दिखाया गया है।
*प्रभु प्रसाद वर्मा का आरोप है* कि कागजों पर तो दर्जनों हैंडपंपों की मरम्मत और रिबोर हो गया, खड़ंजा रिपेयर हो गया, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही है। गांव में आज भी कई हैंडपंप खराब पड़े हैं, जिनसे पानी नहीं निकलता, और कई जगह खड़ंजा आज भी टूटा पड़ा है।
ग्रामीणों का आरोप है कि एक ही हैंडपंप की मरम्मत को बार-बार कागजों पर दिखाकर और खड़ंजा रिपेयरिंग के नाम पर फर्जी बिल लगाकर सरकारी पैसे का गबन किया गया है। यह सीधे-सीधे सरकारी संपत्ति का दुरुपयोग है।
इस खुलासे के बाद मरुई ग्राम पंचायत के ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से इस पूरे 20 लाख के भ्रष्टाचार की उच्च स्तरीय जांच कराने और दोषी ग्राम प्रधान के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।
*हालांकि, यह खबर ग्रामीणों के आरोपों और RTI दस्तावेजों के आधार पर है। वारिस संवाद किसी भी आरोप की पुष्टि नहीं करता। सच्चाई प्रशासन की जांच के बाद ही सामने आएगी। हमने इस मामले में ग्राम प्रधान का पक्ष जानने का भी प्रयास किया है।*
इस बड़ी खबर पर हम लगातार बने रहेंगे, आप देखते रहिए सुरेश कुमार राजभर की ग्राउंड रिपोर्टिंग।
















