*जो मीडिया की बात करेगा, वही देश में राज करेगा:*
*लखनऊ में 29 नवंबर को अभिव्यक्ति की मीडिया की दूसरी आजादी की प्रथम महाक्रांति के लिए महापंचायत!*
एके बिंदुसार
संस्थापक भारतीय मीडिया फाउंडेशन नेशनल कोर कमेटी।
*नई दिल्ली से सिम्मी भट्टी की खास रिपोर्ट।*
लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को उसका असली हक दिलाने और स्वतंत्र पत्रकारिता की सुरक्षा के लिए भारतीय मीडिया फाउंडेशन नेशनल कोर ने एक ऐतिहासिक राष्ट्रव्यापी शंखनाद कर दिया है। आगामी 29 नवंबर 2026 को लखनऊ की धरती पर देश भर के पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की अब तक की सबसे बड़ी महापंचायत होने जा रही है।
संगठन के संस्थापक एके बिंदुसार ने इस आर-पार की लड़ाई का मुख्य उद्घोष जारी करते हुए कहा है—
“जो मीडिया की बात करेगा, वही देश में राज करेगा!”
महापंचायत के मुख्य लक्ष्य और रणनीतिक कदम
‘मीडिया पालिका’ का संवैधानिक दर्जा: विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका की तर्ज पर मीडिया को स्वतंत्र ‘मीडिया पालिका’ के रूप में संवैधानिक मान्यता मिले।
संसद व विधान परिषद में प्रतिनिधित्व: राज्यसभा और राज्य विधान परिषदों में निष्पक्ष पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के लिए विशेष सीटें आरक्षित की जाएं।
देश के सभी राजनीतिक दलों के राष्ट्रीय अध्यक्षों, पूर्व मुख्यमंत्रियों और शीर्ष जनप्रतिनिधियों को निमंत्रण पत्र भेजकर उन्हें अपना अतिथि बनाया जाएगा, ताकि वे मीडिया के अधिकारों पर अपना रुख साफ करें।
देश भर के सभी 28 राज्यों से प्रदेश अध्यक्षों, जिला प्रभारियों और जमीनी पत्रकारों की फौज इस हुंकार रैली का हिस्सा बनेगी।
यह आयोजन केवल एक सभा नहीं, बल्कि सत्ता के गलियारों तक पत्रकारों की आवाज पहुंचाने और उन्हें वास्तविक संवैधानिक सम्मान दिलाने वाला ऐतिहासिक कदम साबित होगा!













