क्या आपको पता है रोडवेज में बच्चों की आधी टिकट पर मिलती है उन्हें पूरी सीट….
नियम का उल्लंघन: उत्तर प्रदेश रोडवेज बसों में बच्चों के अधिकारों का हनन हो रहा है। परिचालक (कंडक्टर) आधी टिकट लेने के बावजूद बच्चों को पूरी सीट नहीं दे रहे हैं।
क्या है नियम? राज्य में रोडवेज बसों में 5 से 12 साल के बच्चों का आधा टिकट लगता है, जिसके बदले उन्हें अनिवार्य रूप से पूरी सीट देने का नियम है।
मुख्यालय के सख्त निर्देश: बच्चों के अभिभावकों को भीड़ में उन्हें गोद में न बैठाना पड़े, इसके लिए साल 2022 में मुख्यालय स्तर से सख्त निर्देश जारी किए गए थे।
जागरूकता की कमी: इस नियम का उचित प्रचार-प्रसार नहीं हुआ है, जिससे आम जनता को इसकी जानकारी नहीं है। यहाँ तक कि निगम के कुछ वरिष्ठ अधिकारियों को भी इस नियम का पूरी तरह पता नहीं है।
ग्राउंड रियलिटी (ताजा मामला): फर्रुखाबाद में मंगलवार शाम करीब साढ़े पांच बजे एटा डिपो की अनुबंधित बस में तीन सवारी की सीट पर बच्चे समेत चार यात्रियों को बैठा दिया गया। भीड़ बढ़ते ही बच्चे की सीट पर दूसरे यात्री को बैठा दिया गया।
अधिकारियों का रुख: बस के परिचालक सौरभ ने दावा किया कि उन्हें नियम मालूम है और वे पूरी सीट देते हैं। वहीं, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक ने कहा कि इस संबंध में क्या सर्कुलर (शासनादेश) आया है, वह इसे देखकर ही कुछ बता पाएंगे









