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आगरा में पीओएस मशीन से कृषि रसायनों का वितरण शुरू, मौके पर मिल रही सब्सिडी, रिपोर्ट शंकर देव तिवारी

*आगरा में पीओएस मशीन से कृषि रसायनों का वितरण शुरू, मौके पर मिल रही सब्सिडी*

 

*- कृषि रसायनों और उपकरणों पर 75% तक की भारी छूट*

 

*- खत्म हुआ इंतजार, अब खरीदारी के समय ही मिल रहा अनुदान का लाभ*

 

*- नई तकनीक से वितरण में आई पारदर्शिता, किसानों में दिखा उत्साह*

 

*आगरा, 11 सितंबर।* उत्तर प्रदेश की योगी सरकार किसानों की आय बढ़ाने, लागत कम करने और उन्हें आधुनिक व पारदर्शी सुविधाएं मुहैया कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। इसी दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए आगरा जनपद में संचालित 15 कृषि रक्षा इकाइयों पर अब पीओएस मशीन के माध्यम से कृषि रक्षा रसायनों का वितरण आरंभ कर दिया गया है। इस नई पारदर्शी व्यवस्था से जनपद के पंजीकृत किसानों को ‘एट-सोर्स’ (At-Source) अनुदान का सीधा और त्वरित लाभ मिल रहा है, जिससे कृषि कार्यों में बड़ी आर्थिक राहत मिली है।

 

*कृषि रसायनों और उपकरणों पर 75% तक की भारी छूट*

नई व्यवस्था के तहत किसानों को कृषि रक्षा रसायनों की खरीद पर 50 प्रतिशत तक का सीधा अनुदान (बिना जीएसटी) दिया जा रहा है। इसके अलावा खेतों में पर्यावरण के अनुकूल और सुरक्षित खेती को बढ़ावा देने के लिए इंटीग्रेटेड पेस्ट मैनेजमेंट (आईपीएम) के यांत्रिक उपायों- जैसे सोलर लाइट ट्रैप, फेरोमोन ट्रैप, स्टिकी ट्रैप और ल्यूर पर योगी सरकार द्वारा 75 प्रतिशत का भारी अनुदान दिया जा रहा है। वहीं, बायोपेस्टिसाइड (जैविक कीटनाशक) जैसे ट्राइकोडर्मा और बवेरिया बेसियाना की खरीद पर भी 75 प्रतिशत सब्सिडी काटकर किसानों से केवल 25 प्रतिशत (कृषक अंश) ही लिया जा रहा है।

 

*खत्म हुआ इंतजार, अब खरीदारी के समय ही मिल रहा अनुदान का लाभ*

पॉश मशीन के इस्तेमाल से किसानों की एक पुरानी और बड़ी समस्या का समाधान हो गया है। पूर्व की व्यवस्था में किसानों को कृषि रसायन या उपकरण खरीदते समय पूरा विक्रय मूल्य अपनी जेब से जमा करना पड़ता था। इसके काफी समय बाद अनुदान की राशि उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती थी। लेकिन अब नई प्रक्रिया के तहत पीओएस मशीन से ‘एट-सोर्स’ अनुदान कटने के कारण किसानों को मौके पर ही सिर्फ अपना अंश देना पड़ रहा है। नकद भुगतान कम होने से छोटे और सीमांत किसानों को तत्काल लाभ मिल रहा है।

 

*नई तकनीक से वितरण में आई पारदर्शिता, किसानों में दिखा उत्साह*

शासन के सख्त निर्देशों के क्रम में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा एवं पोषण मिशन योजना के अंतर्गत भी पीओएस मशीन द्वारा क्लस्टर प्रदर्शन और कृषि निवेशों का सामान्य वितरण किया जाएगा। इस नई और पारदर्शी तकनीक से कालाबाजारी पर रोक लगेगी और सही लाभार्थी तक योजना पहुंचेगी। जिला कृषि अधिकारी विनोद कुमार ने बताया कि जनपद की सभी 15 कृषि रक्षा इकाइयों पर पीओएस मशीन से रसायनों का वितरण सफलतापूर्वक शुरू करा दिया गया है। नई व्यवस्था के तहत एट-सोर्स अनुदान कटने से किसानों को आर्थिक सहूलियत मिली है। यही वजह है कि अब जनपद के किसान कृषि रसायनों और आधुनिक उपकरणों को खरीदने में काफी रुचि ले रहे हैं। हमारा उद्देश्य योगी सरकार की पारदर्शी नीतियों और योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ सीधे किसानों तक पहुंचाना है।

Ronda Faulk
Author: Ronda Faulk

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