रिपोर्ट: सत्यदेव पांडे ( ब्यूरो चीफ- सोनभद्र)
- पत्रकार के साथ पुलिसिया गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं, तानाशाही सरकार से इस्तीफा की मांग
शाहगंज (सोनभद्र)। स्थानीय बाजार में शुक्रवार शाम एक विचार गोष्ठी की गई। जिसमें मौजूदा केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार के जंगल राज और खाकी वर्दी के बढ़ते आतंक को लेकर चिंता व्यक्त की गई। बैठक में शामिल लोगों ने कहा कि कल दिल्ली में एक महिला पत्रकार को वहां की पुलिस इस लिए मारा- पीटा कि वह मौजूदा सरकार दिल्ली के मुख्यमंत्री से शिक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल कर दी। यही नहीं,जब पुलिस वालों को पता चला कि महिला पत्रकार मुस्लिम है तो उसके साथ वहां की सम्बंधित पुलिस और भी दुर्व्यवहार करने लगी। पुलिस की इस तानाशाही और गुंडागर्दी से देश भर के पत्रकारों में आक्रोश है और इसकी कड़े शब्दों में निन्दा करते हुए दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग किया गया है। बैठक में शामिल लोगों ने कहा कि वर्तमान सरकार में चहुंओर महाभ्रष्टाचार कायम है। निर्दोष लोगों को अनावश्यक और फर्जी मामलों में फंसाकर परेशान किया जा रहा है। भाजपा सरकार में चहुंओर छात्रों, महिलाओं, बेरोजगारों, जवानों,किसानों एवं सरकार से सवाल पूछने वाले पत्रकारों के साथ भेदभाव और उत्पीड़न आए दिन हो रहे हैं। ऐसे में हर मोर्चे पर फेल नरेंद्र मोदी सरकार, गृह मंत्री अमित शाह और योगी आदित्यनाथ से इस्तीफा की मांग किया गया है।इस मौके पर आइडियल जर्नलिस्ट एसोसिएशन सोनभद्र के जिला अध्यक्ष संतोष कुमार नागर, कांग्रेस पार्टी के जिला सचिव द्वय मोहम्मद सिराज हुसैन, राहुल सिंह पटेल, रोहित जायसवाल, कांग्रेस सेवादल के जिला महा सचिव रामरूप शुक्ला, जिला सचिव शिवपूजन विश्वकर्मा, एवं सुनील मिश्रा एवं आकाशवाणी के जरिए समर्थन देते ज्ञानदास कन्नौजिया मौजूद रहे।















