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तहसील चुनार के ग्राम सभा ‘खुटहा’ में भ्रष्टाचार का नंगा नाच; अपात्रों की बल्ले-बल्ले, पात्रों का हक छीना!

वरिष्ठ पत्रकार एके बिंदुसार की ग्राउंड रिपोर्टिंग।

 

*मिर्ज़ापुर: तहसील चुनार के ग्राम सभा ‘खुटहा’ में भ्रष्टाचार का नंगा नाच; अपात्रों की बल्ले-बल्ले, पात्रों का हक छीना!*

 

 

मिर्ज़ापुर (तहसील चुनार): जनपद मिर्ज़ापुर के तहसील चुनार अंतर्गत आने वाली ग्राम सभा ‘खुटहा’ में इस समय भ्रष्टाचार का एक सनसनीखेज मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। ‘आवास प्लस’ योजना के अंतर्गत पात्रों का हक मारकर अपात्रों को लाभ पहुँचाने का यह खेल प्रशासनिक मिलीभगत का एक जीता-जागता प्रमाण बन चुका है। शासन की मंशा है कि हर गरीब को पक्की छत मिले, लेकिन खुटहा के विभागीय अधिकारी इस मंशा पर पानी फेरते नज़र आ रहे हैं।

भ्रष्टाचार की काली करतूत: दोहरा लाभ, एक ही परिवार!

ग्राम सभा खुटहा में धांधली की पराकाष्ठा तब देखने को मिली, जब सामने आया कि वर्ष 2022-2023 में ही ‘आशा पत्नी रविशंकर’ (ओबीसी) के नाम पर एक आवास स्वीकृत करके पूर्ण रूप से बनवा दिया गया है, जिसका आवास नंबर UP140954415 है। इसके, बावजूद ग्राम विकास अधिकारी निशा यादव और ग्राम सेवक मंजू देवी की मिलीभगत से भ्रष्टाचार का खेल जारी रहा और रविशंकर के पिता के नाम पर दोबारा आवास आवंटित कर दिया गया हैं। एक ही परिवार में सरकारी धन का यह दोहरा बंदरबांट, सीधे तौर पर विभागीय भ्रष्टाचार की पोल खोलता है।

पात्रों की आँखों में आंसू, कागजों पर गरीबों का दम तोड़ता सपना

सवाल यह उठता है कि क्या विभागीय अधिकारी शासन के आदेशों से ऊपर हैं? ग्राम सभा में हकीकत में जो गरीब आवास के हकदार थे, उनके नाम सूची से काटकर उन्हें उनके ही अधिकार से वंचित कर दिया गया है। कागजों में हेराफेरी कर पात्रों की उम्मीदों का गला घोंटा गया है। अब यह गरीब परिवार उत्तर प्रदेश के मुखिया माननीय योगी आदित्यनाथ जी से गुहार लगा रहे हैं कि उनके साथ न्याय हो और उनका हक उन्हें वापस मिले।

जमीनी हकीकत: वरिष्ठ संवाददाता की सीधी पड़ताल

क्या जिले की इस ग्राम सभा में दलित और गरीबों को न्याय मिल पाएगा? या फिर सारा खेल फाइलों के भीतर ही दबकर रह जाएगा? इस मामले की तह तक जाने के लिए हमारे वरिष्ठ संवाददाता एके बिंदुसार ग्राम सभा खुटहा पहुँच चुके हैं, जो सीधे पीड़ितों से वार्ता कर रहे हैं। वे इस भ्रष्टाचार की परत दर परत सच्चाई आप तक पहुँचाएंगे।

खुटहा में पात्र लोगों का काटा गया नाम ,क्रम संख्या नाम पिता/पति का नाम जाति/वर्ग अतिरिक्त विवरण

1 आशा ,रतन चमार –

2 सत्य कला, राम बाबू चमार –

3 मुन्नी देवी ,राजेश्वर चमार –

4 गुडियाँ ,राम ललित चमार –

5 सुमन ,रामभरोस चमार –

6 बासमती, प्यारे लाल चमार –

7 भागीरथी, रामकृष्ण चमार –

8 मनीषा ,तेज बहादुर चमार –

9 पूनम, नीरज चमार –

10 नजमा, सेराज हाशमी दफाली –

11 बदामी, बच्चे लाल चमार –

12 मुन्नी देवी, जुम्मन हाशमी दफाली –

13 चंदा ,गंगराम चमार –

14 शकीला ,सरिकूल मुसलमान –

15 चैन तारा, अनवर मुसलमान –

16 मदीना, जलालुद्दीन मुसलमान –

 

17 सेराज हाशमी, घुरे दफाली UP140951239-पुराना

18 हैदर ,जब्बार, मंसूरी UP140191335-पुराना

19 शहिद ,जलील मंसूरी UP140192365-पुराना

20 शमशुन्निसा ,अजमतुल्ला मुसलमान UP141630680-पुराना

21 शहनाज, अनवर अंसारी मुसलमान UP141630656-पुराना

22 हदिशून, बाबू जान मुसलमान

 

 

अब सबकी नज़रें इस बात पर टिकी हैं कि इस खुलासे के बाद क्या शासन सख्त रुख अपनाएगा और दोषियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी? क्या खुटहा के पात्र गरीबों को उनका हक़ मिल पाएगा?

Ronda Faulk
Author: Ronda Faulk

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