अपने खेतों पर औषधीय पौधों को रोपित किया। आँवला, गिलोय, तुलसी, नीम, एरंड, ग्वारपाठा, पीपल, बरगद जैसी तमाम जड़ी- बूटियां हमारे शरीर को स्वस्थ बनाए रखने के लिए काफी फायदेमंद साबित होती हैं।
आज प्रदूषित पर्यावरण को शुद्ध व स्वच्छ बनाने के लिए अधिकाधिक पेड़-पौधों को लगाने की बड़ी आवश्यकता है।
बाजार के मिलावटी खाद्य पदार्थ और उत्पादों से
शरीर को होने वाले किसी भी नुकसान से बचाने के लिए हमें प्राकृतिक आहारों को अपने खानपान में लाना ही होगा।
शरीर को इन विषैले रसायनों से सुरक्षित करने के लिए सामान्य रूप से इस्तेमाल होने वाली औषधियों जैसे नीम, तुलसी, काली मिर्च, जीरा, मेथी, हल्दी, सोंठ, मुलेठी, लहसुन और प्याज आदि का सेवन हमें सदैव करते रहना चाहिए।
योग, ध्यान, प्राणायाम और व्यायाम को अपनी स्वस्थ जीवनशैली का हिस्सा बनाइये। अपने खानपान में प्राकृतिक चीजों जैसे हरी सब्जियों,
दाल, मौसमी फल और सूखे मेवे को जरूर शामिल करें।
च्यवनप्राश का प्रयोग शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए जरूर करें, जिससे हम समस्त रोगों को परास्त कर सकें।।















