*योगी सरकार की आलू किसानों को बड़ी राहत, 1000 करोड़ का भावांतर कोष, कोल्ड स्टोरेज किराए पर मिलेगी सब्सिडी*
*- उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने आगरा में किया 2 दिवसीय आलू क्रेता-विक्रेता सम्मेलन का शुभारंभ*
*- अंतरराष्ट्रीय आलू अनुसंधान केंद्र, पेरु-लीमा की आगरा शाखा का जल्द होगा पीएम मोदी के हाथों उद्घाटन*
*- भामाशाह भाव स्थिरता कोष योजना के तहत बाजार भाव गिरने पर किसानों को अनुदान देगी सरकार*
*- मंडी शुल्क माफ करने पर भी विचार कर रही योगी सरकार, एक्सपोर्टरों के साथ किसानों ने किए एमओयू*
*आगरा, 12 सितंबर।* उत्तर प्रदेश की योगी सरकार प्रदेश के आलू उत्पादक किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें बाजार के उतार- चढ़ाव से सुरक्षित रखने के लिए हर मोर्चे पर काम कर रही है। इसी उद्देश्य के साथ शनिवार को फतेहाबाद रोड स्थित होटल ग्रैंड मर्क्योर में दो दिवसीय आलू क्रेता- विक्रेता सम्मेलन (बी2बी मीट) का शानदार आगाज हुआ। उत्तर प्रदेश सरकार में उद्यान, कृषि विपणन एवं कृषि निर्यात राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिनेश प्रताप सिंह ने विधायक छोटे लाल वर्मा की उपस्थिति में दीप प्रज्वलित कर सम्मेलन का शुभारंभ किया। सम्मेलन में 31 जनपदों के आलू किसान, देशभर के व्यापारी, और एक्सपोर्टर शामिल हुए। इस दौरान किसानों और एक्सपोर्टर कंपनियों के बीच कई अहम एमओयू पर हस्ताक्षर भी किए गए।
*भामाशाह भाव स्थिरता कोष और सब्सिडी की सौगात*
सम्मेलन को संबोधित करते हुए उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने योगी सरकार की किसान- हितैषी नीतियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि योगी सरकार ने आलू किसानों को बाजार के उतार- चढ़ाव से बचाने के लिए ‘भामाशाह भाव स्थिरता कोष योजना’ लागू की है। इस योजना के लिए 1000 करोड़ रुपये का भावांतर भुगतान कोष तैयार किया गया है। यदि बाजार में आलू का भाव उत्पादन लागत से नीचे गिरता है, तो सरकार लागत और बिक्री के अंतर के आधार पर किसानों को अनुदान देगी। इसके अलावा निजी शीतगृहों (कोल्ड स्टोरेज) में भंडारित आलू पर भी 100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से सब्सिडी दी जा रही है। यह राहत राशि सीधे किसानों के आधार- लिंक्ड बैंक खातों में डीबीटी के जरिए भेजी जा रही है।
*पीएम मोदी जल्द करेंगे अंतरराष्ट्रीय आलू अनुसंधान केंद्र का उद्घाटन*
उद्यान मंत्री ने एक बड़ी घोषणा करते हुए बताया कि आगरा में जल्द ही अंतरराष्ट्रीय आलू अनुसंधान केंद्र (पेरु-लीमा) की शाखा का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कर- कमलों से होने जा रहा है। इससे उच्च गुणवत्ता के आलू बीज की उपलब्धता सुनिश्चित होगी और आगरा का आलू विश्व बाजार तक पहुंचेगा। इसके साथ ही जेवर एयरपोर्ट पर आलू एक्सपोर्ट की सरल प्रक्रिया और सर्टिफिकेशन के लिए भवन भी बनकर तैयार हो रहा है।
*मंडी शुल्क माफ करने पर विचार, विदेशी निर्यात के प्रयास तेज*
उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने किसानों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि योगी जी की सरकार किसानों का मंडी शुल्क पूरी तरह से माफ करने पर गंभीरता से विचार कर रही है। उड़ीसा राज्य सरकार के साथ बैठक के अलावा रूस और मलेशिया जैसे देशों में आलू एक्सपोर्ट के लिए हम गंभीर प्रयास कर रहे हैं। सरकार आलू उत्पादक किसानों को कभी अकेला नहीं छोड़ेगी, हम मजबूती से आपके साथ खड़े हैं। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे पारंपरिक खेती के अलावा फूल, फल, सब्जी और मसालों जैसी लाभकारी औद्यानिक फसलों की ओर भी रुख करें।
इस अवसर पर भामाशाह भाव स्थिरता कोष योजना और कोल्ड स्टोरेज किराए में राहत पाने वाले लाभार्थियों को चेक भी वितरित किए गए। कार्यक्रम में निदेशक भानु प्रकाश राम, संयुक्त निदेशक राजीव वर्मा, यूपी कोल्ड स्टोरेज एसोसिएशन की अध्यक्ष तृप्ति सिंह और जिला उद्यान अधिकारी मनोज चतुर्वेदी सहित कई अधिकारी और बड़ी संख्या में किसान व व्यापारी मौजूद रहे।















